The Khabar Xpress 22 फरवरी 2025। नोखा के केड़ली गांव की सरकारी स्कूल के कुंड की पट्टियां टूटने से हुई तीन बच्चियों की मौत के मामले में आखिरकार 4 दिन बाद जिला प्रशासन और लोगों के बीच सहमति बन गई. दरअसल, लगातार चल रहे प्रदर्शन के बीच शुक्रवार को प्रदर्शनकारी नोखा से पैदल बीकानेर पहुंचे थे. यहां कलेक्ट्रेट पर उन्होंने धरना-प्रदर्शन शुरू किया. ग्रामीणों के साथ नागौर सांसद हनुमान बेनीवाल भी मौजूद रहे. कलेक्ट्रेट के सामने करीब 6 घंटे तक चले पड़ाव के बाद जिला प्रशासन के साथ सांसद हनुमान बेनीवाल और अन्य प्रदर्शनकारियों की वार्ता हुई. वार्ता में सहमति के बाद धरना खत्म करने की घोषणा हुई. बच्चियों के शुक्रवार रात को ही पोस्टमार्टम करवाया गया।
दरअसल, 18 फरवरी को ये हादसा हुआ था. हादसे के बाद कार्रवाई को लेकर परिजन और ग्रामीण नोखा मोर्चरी के बाद धरने पर बैठे थे. गुरुवार को सभी पैदल ही बीकानेर रवाना होकर शुक्रवार को बीकानेर पहुंचे थे. परिजनों ने मांगे पूरी नहीं होने तक पोस्टमार्टम और अंतिम संस्कार से इनकार कर दिया था. अब मांगों पर सहमति बनने के बाद आज शनिवार को तीनों बच्चों का अंतिम संस्कार किया जाएगा.
जिला प्रशासन के साथ हुई वार्ता में सहमति बनने के बाद सांसद हनुमान बेनीवाल ने लोगों को संबोधित किया और वार्ता के दौरान जिला प्रशासन की ओर से मानी गई मांगों के बारे में जानकारी दी. बेनीवाल ने बताया कि नोखा के विकास अधिकारी और ब्लॉक शिक्षा अधिकारी को निलंबित करने पर सहमति के साथ ही प्रत्येक मृतक बच्ची के परिवार को 20-20 लाख रुपए की आर्थिक सहायता देने पर सहमति बनी. इसके साथ ही मृतक बच्चियों की याद में स्कूल में कमरा और लाइब्रेरी बनाने की भी प्रशासन ने सहमति दी. मामले की जांच के लिए पांच सदस्य कमेटी का गठन कर जल्द से जल्द जांच में दोषी पाई जाने वाले शिक्षक-अधिकारियों के खिलाफ तत्काल कार्रवाई का आश्वासन भी दिया गया.








