The Khabar Xpress 30 जुलाई 2024। श्रीडूंगरगढ़ नगरपालिका अपनी कार्यशैली के कारण कस्बे के नागरिकों के मन से उतर रही है। श्रीडूंगरगढ़ कस्बे की सफाई व्यवस्था, रोड लाइट व्यवस्था हर प्रकार से खराब हो चुकी है। कस्बे के गांधी पार्क, स्टेट बैंक और सरकारी अस्पताल के पास जब चाहे सीवरेज का पानी सड़को पर पसर कर आमजन की राह को मुश्किल कर देता है।
खुले चेम्बर दे रहे दुर्घटना को न्यौता
श्रीडूंगरगढ़के मुख्य बाजार के हालात ये है कि चेम्बर्स की सफाई तो दूर की बात है उनपर लगे हुए ढक्कन और जालियां भी टूटी हुई पड़ी है जो कि दुर्घटना को न्यौता दे रहे है। श्रीडूंगरगढ़ की सड़कों के चेम्बर इतने गहरे है कि आदमी पूरा समा सकता है। सोचने से ही रूह कांप जाती है कि अगर बरसात आयी हुई हो और गड्डो से कोई अनजान व्यक्ति सड़क पर जा रहा हो तो…? हालात ये है कि इन चेम्बर से कस्बे के नागरिक और आसपास के दुकानदार ही आगाह कर रहे है।

सोमवार को ही एक कार खुले चेम्बर से अनजान उसमें गिर गयी जिससे वाहन चालक को तो कोई हानि नहीं हुई किंतु वाहन को नुकसान जरूर हो गया। देखे वीडियो..
इस घटना की जानकारी स्थानीय आरटीआई कार्यकर्ता ललितसिंह ओड ने जब उपखण्ड अधिकारी श्रीमती उमा मित्तल को दी तो उनके आदेश पर तुरंत ही सक्रिय होकर नगरपालिका कार्मिको ने चेम्बर में फंसे हुए ढक्कन को बाहर निकाल कर ऊपर रख दिया।
घटना के बाद भी नगरपालिका की लापरवाही आई सामने, कर दी सिर्फ लीपापोती
श्रीडूंगरगढ़ नगरपालिका अपने भ्रष्टाचार के लिये वैसे भी कुख्यात है ही, यहाँ भी सरेआम उपखण्ड अधिकारी के आदेशों की अवहेलना करके सिर्फ लीपापोती कर दी गई। पालिकाकर्मियो ने चेम्बर में पड़े हुए ढक्कन को उठा कर ही उसपर वापिस लगा दिया। आरटीआई कार्यकर्ता ललितसिंह ओड ने बताया कि कल नगरपालिका कार्मिको ने आकर चेम्बर के ढक्कन को बाजर निकाल कर सिर्फ उस पर रख कर ही इतिश्री कर ली। हालात ये है कि अगर कोई वाहन उसपर से गुजरे तो वो ढक्कन वाहन सहित वापिस चेम्बर में चला जायेगा जिससे जानमाल का नुकसान हो सकता है नगरपालिका की इस लीपापोती का खामियाजा आमजन को भुगतना पड़ सकता है।









