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स्टेनलेस स्टील, एल्युमिनियम, तांबा या प्लास्टिक… जानिए पानी पीने के लिए कौन-सी बोतल है बेस्ट

Published on: March 20, 2024

द खबर एक्सप्रेस 20 मार्च 2024। सेहतमंद रहने के लिए पीने वाले पानी की गुणवत्ता का ख्याल रखना कितना जरूरी है, इस बारे में सभी जानते हैं, लेकिन क्या आपको मालूम है कि हेल्दी लाइफ के लिए ये भी जरूरी है कि आप पानी पीने या इसे स्टोर करने के लिए किस बोतल का यूज कर रहे हैं। चलिए इस आर्टिकल में आपको बताते हैं प्लास्टिक, स्टेनलेस स्टील, एल्युमिनियम या तांबे में से कौन-सी बोतल आपकी सेहत के लिए बेस्ट है, और बाजार से ये बोतलें खरीदते समय आपको किन जरूरी बातों का ध्यान रखना चाहिए।

प्लास्टिक की बोतल का न करें यूज

भले ही प्लास्टिक की बोतलें खरीदने में सस्ती हों और इन्हें कैरी करना भी आसान होता हो, लेकिन ये आपकी सेहत को कई तरह की दिक्कतें दे सकती हैं। गर्मी और धूप के चलते इन बोतलों से हार्मफुल केमिकल्स पानी में मिल जाते हैं, और सेहत को बड़े खतरे में डाल सकते हैं। बता दें, कि प्लास्टिक की इन बोतलों में बिस्फेनॉल ए (BPA) और केमिकल कॉम्‍पोनेंट (Phthalates) भी देखा जाता है, जो प्‍लास्टिक के सामान को मजबूत बनाने वाला तत्‍व है। प्लास्टिक बॉटल में पानी रखने से ये रसायन शरीर में चले जाते हैं, ऐसे में मोटापा, रिप्रोडक्टिव प्रॉब्लम्स और कैंसर जैसी बीमारियों के जोखिम को भी बढ़ा सकते हैं।

मेटल की बोतलें हैं बेहतर विकल्प

प्लास्टिक की बोतलों से होने वाले नुकसान का अंदाजा तो आपने लगा ही लिया होगा। ऐसे में आपको बता दें, कि इनकी जगह आप मेटल या धातु की बोतलों का इस्तेमाल कर सकते हैं। प्लास्टिक के मुकाबले ये भले ही थोड़ी महंगी होती हों, लेकिन ये एक बार खरीदने पर लंबा चल जाती हैं। इसके अलावा ये पानी में हार्मफुल केमिकल्स भी नहीं छोड़ती हैं। इसके अलावा पानी के तापमान को भी ये मेंटेन रखती हैं, जैसे ठंडा पानी देर तक ठंडा और गर्म पानी लंबे समय तक गर्म बना रहता है। अब चूंकि मेटल भी कई तरह के हैं, ऐसे में आइए जानें, कि कौन-से मेटल की बोतल है सेहत के लिए बेस्ट?

स्टेनलेस स्टील की बोतल

अगर आप कोई टिकाऊ ऑप्शन खोज रहे हैं, तो स्टेनलेस स्टील की बोतल इस मामले में बेस्ट है। ये पानी को खतरनाक रसायनों से सुरक्षित तो रखती ही हैं, साथ ही इनमें जंग लगने की परेशानी भी नहीं होती है। इसके अलावा इनमें पानी स्टोर करने से उसके टेस्ट पर भी कोई असर नहीं पड़ता है। इन्हें क्लीन करना भी आसान है और स्मेल आदि से भी ये बची रहती हैं।

एल्युमिनियम की बोतल

एल्युमिनियम से बनी बॉटल्स, लाइटवेट होने के साथ-साथ सस्ती भी हैं। इस बात में कोई शक नहीं कि ये प्लास्टिक की तुलना में पर्यावरण के लिए काफी बेहतर हैं। हालांकि, कई लोग इनके इस्तेमाल से बचते हैं क्योंकि ज्यादा यूज के बाद एल्युमिनियम बर्तन से छूटने लगता है, जो बॉडी में जाकर कई हेल्थ प्रॉब्लम्स, जैसे- डिमेंशिया और एनीमिया जैसी कई दिक्कतों की वजह बन सकता है। बता दें, ये आपको लिवर और पेट से जुड़ी परेशानियां भी दे सकता है।

तांबे की बोतल

माना जाता है कि तांबे की बोतलें डाइजेशन के लिए बेहतर होती हैं, और शरीर में इम्युनिटी को भी बढ़ाती हैं, लेकिन ध्यान रहे कि ये अम्लीय पेय पदार्थों (Acidic Beverages) के साथ रिएक्शन करके रंग बदल सकता है, और पेय में मेटल का स्वाद आ सकता है। बता दें, दिक्कत सिर्फ टेस्ट की ही नहीं है, ऐसे पेय का ज्यादा सेवन सेहत को कई नुकसान पहुंचा सकता है। ऐसे में इससे भी आपको बचने की जरूरत है।

मेटल की बोतल खरीदते समय रखें इन बातों का ध्यान

  • आप जो बॉटल खरीद रहे हैं, उसकी कोटिंग की ओर खास ध्यान दें, ऐसी कोटिंग को प्राथमिकता दें, जो नॉन टॉक्सिक और फूड सेफ हो। ऐसे में पाने के अंदर हार्मफुल केमिकल्स मिलने को जोखिम नहीं रहता है।
  • हाई क्वालिटी, फूड ग्रेड स्टेनलेस स्टील या एल्युमिनियम की बोतल को ही चुनें। मार्केट में ढूंढने पर आपको बीपीए और Phthalate फ्री बोतलें आपको आसानी से मिल जाएंगी। इनपर इससे जुड़ा लेबल भी लगा मिलेगा, जिससे आप इसके सुरक्षा मानकों की जानकारी ले सकते हैं।
  • बता दें, कि पानी के टेम्परेचर को मेंटन करने के लिए यानी गर्म को गर्म रखने और ठंडे पानी को देर तक ठंडा रखने के लिए इंसुलेशन मददगार होता है। इसलिए आप वैक्यूम इंसुलेशन वाली स्टेनलेस स्टील की बोतल खरीद सकते हैं, जो कई पैरामीटर्स के हिसाब से सेहत के लिए एक बढ़िया ऑप्शन है।

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