The Khabar Xpress 14 फरवरी 2026। पिछले काफी समय से राजस्थान पंचायत चुनाव को लेकर प्रदेश में जोर-शोर से तैयारियां की जा रही हैं। इस बार पंचायत चुनाव कुछ अलग होने जा रहे हैं क्योंकि बहुत से बदलाव हुए हैं। इस बार के चुनावों में बहुत कुछ नया व अलग देखने को मिलेगा। यहां हम आपको पंचायत चुनाव 2026 को लेकर सारी जानकारी दे रहे है।
राजस्थान में आगामी दिनों में पंचायत चुनाव होने वाले हैं, जिसको लेकर खूब तैयारी की जा रही हैं। इस बार पंचायत चुनाव कुछ अलग होने जा रहे हैं क्योंकि राज्य निर्वाचन आयोग द्वारा मतदान की प्रक्रिया से लेकर उम्मीदवारों की योग्यता तक कई बदलाव किए हैं। चुनाव आयोग के मुताबिक, 1 जनवरी 2026 को 18 साल की आयु पूरी करने वाले युवा भी इस बार पंचायत चुनाव में मतदान कर सकते हैं।
हाई कोर्ट के आदेशानुसार, राज्य निर्वाचन आयोग को 15 अप्रैल 2026 तक चुनाव पूरे करवाने हैं। वहीं, 1 जनवरी 2026 की योग्यता तिथि के आधार पर मतदाता सूची अपडेट की जा रही हैं। राजस्थान की 14,000 से ज्यादा ग्राम पंचायतों में चुनाव चरणबद्ध तरीके से मार्च और अप्रैल 2026 के बीच करवाए जा सकते हैं।
इस बार पंचायत चुनाव ‘हाइब्रिड मॉडल’ के जरिए करवाई जाएंगे। कहा जा रहा है कि पंच और सरपंच के लिए मतदान बैलेट पेपर और मतपेटी से करवाए जाएंगे। इसका मतलब है कि इस बार बटन नहीं दबाना होगा बल्कि मुहर लगानी होगी। वहीं, जिला परिषद और पंचायत समिति सदस्य पदों के लिए चुनाव पहले के जैसे EVM से होंगे।
अगर आप सरपंच या पंच का चुनाव लड़ना चाहते हैं, जो उसके लिए कुछ नियमों का पालन करना होगा। नियमों के अनुसार, उम्मीदवार की आयु कम से कम 21 साल जरूरी है। वहीं, शैक्षिक योग्यता को लेकर पंचायती राज चुनाव (जैसे 8वीं या 10वीं पास) की अनिवार्यता को लेकर पिछली सरकार ने ढील दी थी लेकिन चुनाव लड़ने के लिए उम्मीदवार का नाम उस पंचायत की मतदाता सूची में होना जरूरी है।
संतान संबंधी नियम को लेकर कहा जा रहा है कि जिनके दो से ज्यादा बच्चे हैं, उन्हें राहत के लिए अभी इंतजार करना पड़ेगा। इस पर लंबे समय से विचार किया जा रहा है। कहा जा रहा है कि तीसरी संतान होने पर चुनाव लड़ने की पाबंदी को सरकार द्वारा हटाया जा सकता है। वहीं, पंचायत चुनाव लड़ने के लिए घर में कार्यात्मक शौचालय होना और परिवार के सदस्यों का खुले में शौच न जाना एक जरूरी नियम है।
पंचायत चुनावों में कुल सीटों में से 50 प्रतिशत सीटें महिलाओं के लिए आरक्षित होंगी। इसके अलावा SC, ST और OBC वर्गों को रोटेशन प्रणाली के जरिए आरक्षण दिया जाएगा। ऐसे में लॉटरी से तय होगा कि कौन सा गांव किस वर्ग के लिए आरक्षित होगा।
वहीं, मतदाताओं के लिए जरूरी नियम ये हैं कि मतदान करने के लिए अगर आपके पास वोटर आईडी नहीं है, आप धार कार्ड, पैन कार्ड, मनरेगा जॉब कार्ड का भी इस्तेमाल कर सकते हैं।









